Saturday, January 19, 2019

Essay in Hindi on खेल का महत्व | Importance of Sports & Games पे हिंदी में निबंध (लेख ) Nibandh lekh

                
किसी भी लक्ष्य को पाने के लिए हमें अपनी जिंदगी को ऊर्जा से भरपूर के साथ-साथ सकारात्मक सोच बहुत जरूरी है I  इसके लिए स्वस्थ रहना बेहद जरूरी है या यूं कहें कि स्वास्थ्य ही धन है अगर हम स्वस्थ हैं तो सुंदर, धनी, बुद्धिमान एवं प्रतिष्ठित बनते हैI स्वास्थ्य को बनाए रखने में खेल का महत्वपूर्ण योगदान हैI अगर हम स्वस्थ ना रहें तो हम कोई भी कार्य  सही ढंग से नहीं कर सकते , चाहे वह छोटी कार्य हो या बड़ी कार्य क्योंकि बीमार और अस्वस्थ व्यक्ति किसी को पसंद नहीं क्योंकि ना तो वह मानसिक रूप से सक्रिय होकर बेहतर सुझाव दे सकते हैं और ना ही कठिन परिश्रम ही कर सकते I जो अस्वस्थ होते हैं वह मंदबुद्धि के हो जाते हैं जिसके कारण उन्हें पढ़ाई या किसी और भी कार्य जिसमें कठिन परिश्रम करना हो वह पीछे रह जाते हैंI खेल ना केवल शारीरिक रूप से बल्कि मानसिक रूप से भी पूरी ताजगी महसूस कराता है, जो इंसान को ऊर्जावान ,शारीरिक रूप से और मानसिक रूप से सकरात्मक सपनों से भरपूर रहने में मदद करता हैI  खेल हमारे शारीरिक क्षमता के साथ- साथ कौशल को सुधारने हेतु में मदद करता है किसी भी व्यक्ति को सफल और खुशहाल  जीवन जीने के लिए शारीरिक और मानसिक रूप से फीट रहना होता है जिसमें खेल की भूमिका काफी अहम है I खेल को चाहे वह निजी जिंदगी हो या पेशेवर दोनों ही माध्यम से यह हमारे लिए फायदेमंद है निजी जिंदगी की बात करें तो हमारे व्यस्त एवं भागदौड़ भरे जीवन के कार्यक्रम में यह तनाव और थकावट को दूर कर तंदुरुस्त और ऊर्जावान बनाता है I वहीं खेल के किसी प्रकार को हम पेशेवर की तरह अपने लक्ष्य  बनाने पर जीविका के साथ -साथ प्रतिष्ठा व भी देता हैI 

 खेल दो प्रकार के होते हैं इनडोर और आउटडोर खेलI  जो घर के अंदर खेले जाने वाले घरेलू प्रकार के खेल होते हैं जैसे शतरंज ,लूडो आदि यह इनडोर गेम हैं ,आउटडोर खेल घर से बाहर खुली मैदान में खेला जाता है जैसे कि हॉकी ,फुटबॉल, क्रिकेट ,टेनिस आदि जैसे खेलें आउटडोर खेल हैI आउटडोर खेल हमारे लिए बहुत ही लाभदायक एवं उपयोगी है शैक्षणिक जीवन में इसका महत्व और अधिक है क्योंकि यह हमारे दिमाग को जागृत करने का काम करता है जिससे एकाग्रता और पढ़ाई में दिलचस्पी बनी रहती हैI 

 खेलों के बिना कभी भी शिक्षा पूरी नहीं हो सकती यह हमें आज्ञाकारी ,अनुशासन बनाये रखना सिखाता हैI  हमें खेल में हमेशा कप्तान व टीम के सभी खिलाड़ियों के आदेशों का पालन करना होता है हमें अपने स्वार्थ को छोड़ निस्वार्थ रूप से अपनी टीम के लिए खेलना होता है, जो हमें समर्पण करना सिखाता हैI  खेल हमारे जिंदगी के कई उतार-चढ़ाव और मुश्किल परिस्थितियों में आगे बढ़ने का हौसला देता है क्योंकि खेल में हार- जीत होती हैI   हार से हमें हताश ना होकर फिर से अगले मैच उसी जोश एवं उनसे पिछली गलतियों से सबक लेकर अपने खेल के बारे में सुधार कर आगे बढ़ना होता है जो हमारे निजी जिंदगी के लिए भी महत्वपूर्ण है ,उसी प्रकार जीत के बाद अतिउत्साही ना होकर अगले मैच की तरफ रणनीति बनाने को एवं मेहनत करने को एकाग्र होकर अभ्यास करना होता हैI उसी प्रकार जीवन में भी हमें अपने छोटे-छोटे सफलताओं पर अहंकार न करके  आगे बढ़ने का प्रेरणा देता हैI खेल में रुचि बढाने  के लिए  हमें नियमित एवं समयानुकूल हमेशा अभ्यास करने की जरूरत होती हैI हमें हमेशा वीपक्षी टीम द्वारा दिए गए स्कोर को बराबरी करने या उससे अधिक बनाने होते हैं जो धैर्य के साथ- साथ मानसिक एवं शारीरिक मेहनत की जरूरत होती हैI  यह सब सारी चीजें हमारे अच्छे चरित्र के निर्माण में मदद करते हैं जब हम किसी कार्य को करते- करते नीरस लगने लगता है तब  खेल से हम ताजगी का महसूस करते हैंI  इस प्रकार खेल मनोरंजन का बेहतरीन साधन है एक पेशेवर एथलीट खिलाड़ी मानसिक एवं शारीरिक रूप से मजबूत होता है व अपने निजी समस्याओं को छोड़ अपने खेल टीम और देश के प्रति पूरी तरह से समर्पित रहता है, उसे हमेशा जीत की भूख होती है जो हमारी निजी जिंदगी के लिए प्रेरणीय  है I हमें खेल हमेशा टीम के काम को भावना  सिखाता है जिसे हम खेल भावना कहते हैं खेल में हमेशा रणनीति बनानी होती है तभी जाकर हम अपने विपक्षी टीम को मात देते हैं खेल आपस में समूह के साथ खेला जाता है जो भाईचारा व प्रेम का प्रतीक हैI  खिलाड़ी हमेशा अनुशासन के साथ- साथ अच्छे करने का प्रतिस्पर्धा होती है परंतु ईर्ष्या कभी नहींI वह वही करते हैं जो उनके कप्तान और टीम के पसंद हो ,हमें तकनीकी खेल यानी कंप्यूटर, मोबाइल, गैजेट पर खेलने वाले  खेल से हमेशा दूर रहना चाहिए जो समय बर्बादी के साथ- साथ स्वास्थ्य पर भी दुष्प्रभाव पड़ता हैI  हमें ऐसे खेल खेलना चाहिए जिससे शारीरिक अभ्यास हो, खेल व्यस्त और भागदौड़ जिंदगी में काफी महत्वपूर्ण है जो जीवन को सरल एवं सुखमयी  बनाता है I

 खेल से हमारे आत्मविश्वास स्तर का निर्माण और सुधार होता है अगर हम खेल के दिशा में लक्ष्य नहीं  बनाना चाहते हैं केवल सिर्फ व्यायाम के लिए मनोरंजन के लिए खेलना चाहते हैं तो हमें अधिक समय केवल खेल पर नहीं देना चाहिएI  हमें समयानुसार अध्ययन(कार्य) तथा खेल  दोनों में सामंजस्य बैठाना चाहिएI  अगर आप सारे कार्य करते हैं और कोई खेल नहीं खेलते तो  आपको निष्क्रिय एवं मंदबुद्धि बना देता है ठीक उसी प्रकार अगर आप केवल खेलते हैं कोई अध्ययन एवं कार्य नहीं करते तो हमारे जीवन को अयोग्य बना देता हैI खेल एक सांस्कृतिक गतिविधि है जो हर पहलुओं से हमारे जीवन के लिए महत्वपूर्ण एवं लाभदायक हैI   

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